जिन महिलाओं की मांओं को उम्र से पहले मेनोपॉज (मासिक धर्म का बंद हो जाना या इसे रजोनिवृत्ति भी कहते हैं) हो जाता है, उनकी बेटियों को गर्भधारण में परेशानी हो सकती है। अगर किसी महिला को 40 की उम्र में मेनोपॉज हो रहा है तो इसका मतलब है कि उसकी प्रजनन दर 20 साल की उम्र में ही कम होने लगी थी। कोई भी महिला अपनी मां के मेनोपॉज की उम्र जानकर अपने बांझपन की समस्या से बच सकती है।
गर्भधारण न होना पर ये करें -
कई आधुनिक तकनीकें जैसे कि इन विट्रो फर्टिलाइजेशन ( आई वी एफ ) और एग फ्रीजिंग है जिससे प्रजनन दर बढ़ाई जा सकती है।
ऐसे होती है जांच -
एंटी मुलेरियन हॉर्मोन (एएमएच) टेस्ट व एंट्रल फोलिकल काउंट (एएफ सी) को एक साथ करवाने से प्रजनन दर की स्थिति व ओवयिरन रिजर्व का पता चल जाता है। साथ ही यह भी पता चलता है कि किस उम्र तक महिला गर्भधारण कर सकती है और कब उसकी मेनोपॉज की उम्र हो सकती है।
एंटी मुलेरियन हॉर्मोन (एएमएच) टेस्ट व एंट्रल फोलिकल काउंट (एएफ सी) को एक साथ करवाने से प्रजनन दर की स्थिति व ओवयिरन रिजर्व का पता चल जाता है। साथ ही यह भी पता चलता है कि किस उम्र तक महिला गर्भधारण कर सकती है और कब उसकी मेनोपॉज की उम्र हो सकती है।
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